Urdu shayari || dua islamic urdu shayari || उर्दू अदब शायरी इन हिन्दी 2024

 

Urdu shayari || उर्दू शायरी || उर्दू अदब शायरी इन हिन्दी 2024

Aj hum आप के लिए उर्दू में शायरी ले कर आए है अगर आप को ये शायरी अच्छी लगे तो हमरे ब्लॉग thelovelaugh.in को जरूर फॉलो करे ।। Thank you 💕

جو پاس ہیں وہ خاص ہیں .1

جو چھوڑ گئے وہ بوجھ تھے


जो पास हुए वो खास थे, 

जो चले गए वो बोझ थे


 تتکلیف یہ نہیں کہ محبت ہو گئی درد یہ ہے کہ بھلایا نہیں جا رہا


समस्या यह नहीं है कि प्यार चला गया है, 

दर्द यह है कि इसे भुलाया नहीं जा रहा है!


نہ تم سے نظر علی نہ تمھارا دیدار ہوا بس دل سے دل ملا اور عشق بے شمار ہوا


अली, मैंने तुम्हें नहीं देखा, न ही मैंने तुम्हें देखा, केवल दिल मिला दिल और प्यार असंख्य था


جن پتھروں کو ہم نے عطا کی تھیں دھڑکنیں کو عطا ان کو زبان ملی تو ہمیں پر برس پڑے


हमने तालों को जो पत्थर दिए थे,

 उन्हें भाषा दी और हम पर बरस पड़े


عشق کا تو پتہ نہیں

پر جو تم سے ہے وہ کسی سے نہیں


मैं प्यार के बारे में नहीं जानता

लेकिन जो तुमसे है वो किसी से नहीं है !


اپنی سانسوں کے دامن میں چھپا لو مجھ کو تیری روح میں اتر جانے کو جی چاہتا ھے


साँसों के नीचे मुझे छुपा लो,

 मैं तुम्हारी रूह में रहना चाहता हूँ |


نہ تمہیں ہوش رہے اور نہ مجھے ہوش رہے اس قدر ٹوٹ کے چاہو مجھے پاگل کر دو


आप सचेत नहीं होना चाहते हैं और मैं इतना टूटा नहीं होना चाहता, मुझे पागल कर दो |


عشق کرنے کا ارادہ ہر گز نہ تھا بخدا ہو گیا دیکھتے دیکھتے


प्यार करने का इरादा बिल्कुल नहीं था 💔


تیرا رابطہ میری ہر دوا یہ دوا ملے تو میں ٹھیک ہوں


आप मेरी हर दवाई से संपर्क करें, 

अगर मुझे यह दवा मिल जाए तो मैं ठीक हूं 


قطرہ قطرہ میرے حلق کو تر کرتی ہے

میری رگ رگ میں تیری محبت سفر کرتی ہے


बूंद- बूंद करके मेरा गला धोता है

आपका प्यार मेरी नसों के माध्यम से यात्रा करता है .


بند آ نکھوں میں نظر آنے والے وہ لوگ ہوتے ہیں جو دل کے اس کونے میں بستے ہیں جہاں سے محبت جنم لیتی ہے

बंद आँखों से देखे जाने वाले वो होते हैं जो दिल के उस कोने में रहते हैं जहाँ प्यार पैदा होता है।


نے ہر بار تجھ سے ملتے وقت تجھ سے ملنے کی آرزو کی ہے

تیرے جانے کے بعد بھی

میں نے تیری خوشبو سے گفتگو کی۔


मैं तुमसे मिलने के लिए हर बार तुमसे मिलने के लिए तरसता हूं

तुम्हारे जाने के बाद भी

मैंने तुम्हारी खुशबू से बात की।


روٹھیں گے تم سے ، اس طرح کے پھر فاتحہ کے سوا کچھ بھی نا پڑھ سکو گے


वे तुम्हें पुकारेंगे, फिर तुम फातिहा के सिवा कुछ न पढ़ सकोगे ||


عادتیں ڈال کر توجہ کی لوگ جو بدلتے ہیں ستم کرتے ہیں۔


जो लोग आदत बनाकर अपना ध्यान बदलते हैं वे पीड़ित होते हैं।


،موسم خوشبو، بادصبا، چاند، شفق اور تاروں میں

کون تمھارے جیسا ہے، وقت ملا تو سوچیں گے


,मौसम में,खुशबू में,चांद में,धुंधली में औरतारों में

आपके जैसा कौन है, आप सोचेंगे अगर आपके पास समय हो 


جو الزام رہ جائیں وہ میرے کفن پہ لکھنا


बाकी इल्जाम मेरे कफन पर लिख दो || 


عشق کا تو پتہ نہیں

پر جو تم سے ہے وہ کسی سے نہیں


मैं प्यार के बारे में नहीं जानता

लेकिन जो तुमसे है वो किसी से नहीं है .


نہ تمہیں ہوش رہے اور نہ مجھے ہوش رہے اس قدر ٹوٹ کے چاہو مجھے پاگل کر دو


तुम होश में नहीं रहना चाहते और मैं इतना होश में नहीं रहना चाहता, मुझे पागल कर दो || 

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